देश दुनिया

क्या सही में खारी बावली में सस्ता मिलता है ड्राई फ्रूट्स?

दिल्ली की खारी बावली को एशिया के सबसे बड़े मसाला और ड्राई फ्रूट्स बाजारों में गिना जाता है. अक्सर दावा किया जाता है कि यहां काजू, बादाम और दूसरे ड्राई फ्रूट्स बाजार से काफी सस्ते मिलते हैं. लेकिन क्या यह सच है? खारी बावली में ड्राई फ्रूट्स की कीमत, थोक और रिटेल खरीदारी का फर्क, किसे सबसे ज्यादा फायदा होता है.शादी का सीजन हो या फिर घर के लिए साल भर का राशन खरीदना हो, एक नाम सबसे ज्यादा सुनाई देता है- खारी बावली. अक्सर लोग कहते हैं कि अगर काजू, बादाम, पिस्ता या किशमिश सस्ते खरीदने हैं, तो दिल्ली की खरी बावली चले जाओ. कई लोग दावा करते हैं कि यहां बाजार से काफी कम दाम में ड्राई फ्रूट्स मिल जाते हैं. यही वजह है कि हर दिन हजारों लोग इस बाजार में खरीदारी करने पहुंचते हैं. लेकिन क्या सच में खारी बावली में ड्राई फ्रूट्स इतने सस्ते मिलते हैं? क्या यहां हर खरीददार को फायदा होता है या सिर्फ बड़े व्यापारियों को? अगर आप भी यहां से खरीदारी करने की सोच रहे हैं, तो पहले पूरा सच जान लीजिए.

आखिर खरी बावली इतनी मशहूर क्यों है?
पुरानी दिल्ली के चांदनी चौक के पास स्थित खारी बावली सिर्फ भारत ही नहीं, बल्कि एशिया के सबसे बड़े मसाला और ड्राई फ्रूट्स बाजारों में गिनी जाती है. खरी बावली में अपना दुकान लगाने प्रशांत शर्मा कहते हैं कि यहां रोजाना टनों के हिसाब से काजू, बादाम, पिस्ता, अखरोट, किशमिश, अंजीर और दूसरे ड्राई फ्रूट्स की खरीद-बिक्री होती है. देश के अलग-अलग राज्यों के व्यापारी भी यहीं से सामान खरीदकर अपने शहरों में बेचते हैं. इसके अलावा अफगानिस्तान, ईरान, अमेरिका और दूसरे देशों से आने वाले कई ड्राई फ्रूट्स भी सबसे पहले इसी बाजार में पहुंचते हैं.

क्या यहां सच में बाजार से कम दाम मिलते हैं?
खारी बावली एक थोक बाजार है. यहां ज्यादातर दुकानदार बड़ी मात्रा में सामान बेचते हैं. अगर आप 5 किलो, 10 किलो या उससे ज्यादा खरीदारी करते हैं, तो आपको अच्छी छूट मिल सकती है. कई बार कीमतें स्थानीय बाजार से 20 से 30 फीसदी तक कम भी पड़ जाती हैं. हालांकि अगर आप सिर्फ आधा किलो या एक किलो काजू-बादाम खरीदने पहुंचे हैं, तो बहुत बड़ा अंतर देखने को नहीं मिलेगा. फिर भी कई दुकानों पर आपको अपने शहर की तुलना में कुछ रुपये कम कीमत जरूर मिल सकती है.

काजू-बादाम कितने सस्ते मिल सकते हैं?
ड्राई फ्रूट्स के दाम हर दिन बदलते रहते हैं. कीमत इस बात पर भी निर्भर करती है कि आप कौन-सी क्वालिटी खरीद रहे हैं. उदाहरण के तौर पर अगर किसी शहर में अच्छी क्वालिटी का बादाम 1,000 रुपये किलो बिक रहा है, तो खरी बावली में वही 700 से 900 रुपये किलो तक मिल सकता ह. इसी तरह काजू की कई किस्में होती हैं. कुछ ग्रेड महंगे होते हैं तो कुछ सस्ते. इसलिए अलग-अलग दुकानों के रेट भी अलग हो सकते हैं.

कम दाम देखकर खरीदारी करना पड़ सकता है भारी
खारी बावली में पहली बार जाने वाले कई लोग सिर्फ सबसे सस्ता सामान देखकर खरीद लेते हैं. लेकिन यही सबसे बड़ी गलती साबित हो सकती है. दरअसल काजू, बादाम और दूसरे ड्राई फ्रूट्स कई ग्रेड में आते हैं. बड़े दाने, छोटे दाने, टूटे हुए दाने और पुरानी फसल का माल अलग-अलग कीमत पर बिकता है. ऐसे में सिर्फ कीमत देखकर फैसला करना सही नहीं होता. अगर किसी दुकान पर बाकी बाजार से बहुत कम दाम मिल रहे हैं, तो पहले उसकी क्वालिटी जरूर जांच लें.

खरीदारी से पहले इन बातों का रखें ध्यान
अगर आप खरी बावली जा रहे हैं, तो एक-दो दुकानों से सामान खरीदने की जल्दबाजी न करें. पहले कम से कम 5-6 दुकानों पर रेट पूछें. अलग-अलग दुकानों में कीमत का अंतर मिल सकता है. साथ ही ड्राई फ्रूट्स की खुशबू, रंग और ताजगी जरूर देखें. पैकिंग की तारीख पूछें और अगर ज्यादा मात्रा में खरीद रहे हैं, तो मोलभाव करना बिल्कुल न भूलें. कई दुकानदार बातचीत के बाद अच्छी छूट भी दे देते हैं.

Manoj Mishra

Editor in Chief

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button