होली की तैयारियां जोरो पर हैं. घर में तरह-तरह के पकवान बन रहे हैं. मिठाइयां भी बन रही हैं. लेकिन, डर भी लग रहा है. ये डर मिलावट का है. क्योंकि, डरावनी खबरें आ रही हैं. कहीं मिलावटी मावा तो कहीं मिलावटी पनीर. मिलावटी सरसों तेल और रिफाइंड भी पकड़ा जा रहा है. मिलावट की चिंता और बढ़ती कीमतों के बीच सतना में एक खास मिठाई बनाई जा रही है. जिसके लिए दावा किया जा रहा कि ये मिठाई स्वादिष्ट और लंबे समय तक सुरक्षित रहने वाली है. गेहूं के आटे से बनने वाली बर्फी या पेड़े इस बार त्योहार पर खूब बन रहे हैं. खास बात यह कि ये मिठाई कम सामग्री और आसान विधि से तैयार हो जाती है
आटे की मिठाई बनाना बेहद आसान है. इसके लिए मुख्य रूप से गेहूं का आटा, देसी घी, पिसी हुई चीनी या बूरा की आवश्यकता होती है. स्वाद को और समृद्ध बनाने के लिए मिल्क पाउडर और इलायची पाउडर का इस्तेमाल किया जा सकता है. सजावट के लिए कटे बादाम और पिस्ता मिठाई की सुंदरता और स्वाद दोनों बढ़ा देते हैं. यह मिठाई खासतौर पर उन लोगों के लिए उपयुक्त है जो कम खर्च में अधिक मात्रा में स्वादिष्ट पकवान तैयार करना चाहते हैं.
आटे की मिठाई की विधि
इस मिठाई को बनाने के लिए सबसे पहले कड़ाही में घी गर्म कर उसमें गेहूं का आटा डालकर धीमी आंच पर लगातार चलाते हुए भुना जाता है. लगभग 10-12 मिनट में आटे का रंग हल्का भूरा हो जाता है. खुशबू आने लगती है. इसके बाद आंच धीमी कर मिल्क पाउडर और इलायची पाउडर मिलाया जाता है. मिश्रण को थोड़ा ठंडा होने देने के बाद इसमें पिसी चीनी या बूरा मिलाया जाता है. ध्यान रखा जाता है कि बहुत गर्म मिश्रण में चीनी न डालें वरना वह पानी छोड़ सकती है. तैयार मिक्सचर को घी लगी थाली में फैलाकर दबाया जाता है और ऊपर से ड्राई फ्रूट्स डालकर सेट होने के लिए छोड़ दिया जाता है. करीब 15-20 मिनट बाद इसे मनचाहे आकार में काटा जा सकता है.
स्वाद के साथ सेहत का भी ध्यान
आगे बताया, यदि दानेदार बर्फी पसंद हो तो भुनते समय एक-दो चम्मच दूध का छींटा डाला जा सकता है. वहीं चीनी की जगह गुड़ का उपयोग कर इसे और भी पौष्टिक बनाया जा सकता है. गुड़ से बनी मिठाई न केवल स्वाद में अलग होती है, बल्कि सेहत के लिहाज से भी बेहतर मानी जाती है. यह मिठाई एयरटाइट डिब्बे में 10-15 दिनों तक सुरक्षित रखी जा सकती है, जिससे त्योहार के दौरान बार-बार बनाने की जरूरत नहीं पड़ती.
मिठाई का बेहतरीन विकल्प
त्योहारों पर घर की बनी मिठाई सिर्फ स्वाद नहीं देती, बल्कि अपनापन और विश्वास भी जोड़ती है. आटे की यह सरल मिठाई पारंपरिक स्वाद के साथ आधुनिक जरूरतों को भी पूरा करती है. कम समय, कम लागत और लंबे समय तक सुरक्षित रहने की विशेषता इसे होली के अवसर पर हर घर की पसंद बना रही है. रंगों के इस पर्व पर यदि आप भी शुद्ध और घर की बनी मिठास से मेहमानों का स्वागत करना चाहते हैं तो आटे की यह बर्फी या पेड़ा एक बेहतरीन विकल्प साबित हो सकती है.





