नई दिल्ली: गेहूं की खेती करने वाले किसानों के लिए एक अच्छी खबर है. अब आंधी हो, बारिश हो या फिर तूफान, अब किसानों का गेहूं नहीं गिरेगा. इसके अलावा मौसम गेहूं को कोई नुकसान नहीं पहुंचा पाएगा. अब गेहूं पोषण से भरपूर और स्वाद भी लाजवाब वाला रहेगा. ऐसा गेहूं 9 साल की कड़ी मेहनत के बाद राजस्थान के सीकर के रहने वाले किसान विकास कुमार सैनी ने उगाया है. इन दिनों भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान में जब विकास अपने साढ़े छह फिट के गेहूं को लेकर पहुंचे तो देखने वालों की लाइन लग गई.इस गेहूं की इतनी खासियत है कि आप गिनते-गिनते थक जाएंगे. अगर किसान इसे अपनी जमीन पर लगाते हैं तो उनका मुनाफा डबल नहीं, बल्कि ट्रिपल हो जाएगा. यह सभी गेहूं का बाप है. यह नई किस्म का गेहूं और सुपर फूड भी है. किसान विकास कुमार सैनी ने इसे प्रोटेक्शन ऑफ प्लांट वैराइटीज एंड फार्मर्स राइट्स अथॉरिटी में अपने अधिकार के लिए आवेदन भी कर दिया है. यानी उनके अलावा कोई भी इस पर अपना अधिकार कभी भी नहीं जमा पाएगा.
किसान विकास कुमार सैनी ने बताया कि इस गेहूं का नाम उन्होंने अजय राज रखा है. उन्होंने 9 साल की कड़ी मेहनत के बाद इसे विकसित किया है. राजस्थान के सीकर में वह 40 बीघा जमीन पर इसे लगा रहे हैं, जिस वजह से गेहूं की खेती में उन्हें तीन गुना ज्यादा फायदा हो रहा है. अगर किसान इस गेहूं को अपनी जमीन पर लगाते हैं तो उन्हें भी तीन गुना से ज्यादा फायदा होगा. इस गेहूं की खासियत यह है कि यह बड़ी और छोटी दोनों ही जमीन पर उगता है. इसकी पैदावार अच्छी है और तो और जो चारे की समस्या राजस्थान में है. उस चारे की समस्या को इस गेहूं ने खत्म कर दिया है. इस गेहूं में बीमारी भी नहीं लगती है. एक जगह पर 40 से 45 क्विंटल तक इसका उत्पादन हो जाता है. बारिश, आंधी-तूफान में यह गेहूं गिरता भी नहीं है.
पोषण से भरपूर है गेहूं
किसान विकास कुमार सैनी ने बताया कि यह गेहूं स्वाद के साथ-साथ पोषण में भी भरपूर है. उन्होंने बताया कि इसमें प्रोटीन 11.06 ग्राम है. पोटैशियम 18 एमजी है. शुगर 3.15 ग्राम है. फाइबर 3.92, सोडियम 2.90, विटामिन ए समेत इसमें आयरन भी है और तो और कैल्सियम भी इसमें भरपूर है. किसी भी राज्य का किसान इसे उगा सकता है. हर राज्य में हर जलवायु में यह गेहूं मजबूती से खड़ा रहेगा और बंपर उत्पादन इसकी होने की वजह से किसानों की किस्मत इस गेहूं के जरिए बन सकती है. इस गेहूं की लंबाई 7 फीट तक चली जाती है, लेकिन उनके पास अभी जो गेहूं है उसकी लंबाई साढ़े छह फिट है.





