यह खूबसूरत पल कोणार्क के प्रसिद्ध चंद्रभागा बीच का बताया जा रहा है. जानकारी के मुताबिक, पूर्वी उत्तर प्रदेश का रहने वाला एक शख्स अपने बुजुर्ग पिता को जगन्नाथ धाम पुरी और कोणार्क के दर्शन कराने के लिए ओडिशा लेकर आया था. इसी यात्रा के दौरान पिता पहली बार समुद्र के सामने पहुंचे.
80 साल की उम्र तक उन्होंने समुद्र को सिर्फ तस्वीरों या किस्सों में ही सुना और देखा था. जब वह लाठी के सहारे धीरे-धीरे समुद्र किनारे पहुंचे और विशाल लहरें उनके पैरों तक आईं, तो वह कुछ पल के लिए जैसे उस नजारे में खो गए.
बुजुर्ग का रिएक्शन देख भावुक हो जाएंगे आप
इसके बाद उन्होंने जो किया, उसने सभी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया. बुजुर्ग ने समुद्र के पानी को हाथों से छुआ, फिर झुककर लहरों को प्रणाम किया. उन्होंने पानी को अपने शरीर पर भी लगाया. उनके लिए यह सिर्फ समुद्र का पानी नहीं था, बल्कि आस्था और धार्मिक भावनाओं से जुड़ा एक पवित्र अनुभव था. वीडियो में बेटा अपने पिता से पूछता है कि वह समुद्र को प्रणाम क्यों कर रहे हैं. इस पर बुजुर्ग बेहद सहज अंदाज में बताते हैं कि यही वह समुद्र है, जिसका संबंध भगवान श्रीराम के लंका जाने की कथा से जोड़ा जाता है. इसलिए उनके लिए समुद्र श्रद्धा का विषय है.समुद्र की विशाल लहरों और चारों ओर फैले पानी को देखकर बुजुर्ग के चेहरे पर खुशी साफ दिखाई देती है।.इतने वर्षों में पहली बार सामने आए इस दृश्य ने उनके लिए उस यात्रा को बेहद खास बना दिया.बेटे के लिए भी यह पल किसी यादगार तोहफे से कम नहीं रहा होगा. अपने पिता की आंखों में पहली बार समुद्र देखकर आई खुशी को कैमरे में कैद करना और उस अनुभव को लोगों तक पहुंचाना इस वीडियो की सबसे खूबसूरत बात है. सोशल मीडिया पर वीडियो सामने आने के बाद लोग इसे जमकर शेयर कर रहे हैं. कई यूजर्स का कहना है कि माता-पिता को जिंदगी के उन अनुभवों से रूबरू कराना, जिन्हें वे कभी हासिल नहीं कर पाए, किसी भी महंगे तोहफे से ज्यादा खास होता है. यह वीडियो सिर्फ समुद्र देखने की कहानी नहीं, बल्कि बेटे के प्यार, पिता की आस्था और जिंदगी में देर से मिले एक खूबसूरत अनुभव की भावुक तस्वीर है.





