कर्नाटक): कर्नाटक के तुमकुरु जिले में एक किसान की मजबूरी ने दिल को झकझोर कर रख दिया है. उन्होंने उन अधिकारियों के खिलाफ विरोध किया है, जिन्होंने कथित तौर पर उनकी जमीन के लिए रास्ता बनाने में उनकी अनदेखी की.
वह किसान तुमकुरु के मधुगिरी तालुक ऑफिस में अधिकारियों को अपनी उगाई हुई मूली देने के लिए पहुंचे. यह कहते हुए कि उनके पास अधिकारियों को देने के लिए पैसे नहीं हैं. तुमकुरु जिले के मधुगिरी तालुक ऑफिस के सामने मंगलवार को प्रसन्नकुमार नाम के एक किसान ने अपने टू-व्हीलर पर मूली और सब्जियां लाकर अधिकारियों के प्रति अपना गुस्सा जाहिर किया.
किसान का आरोप क्या है?
किसान ने बताया कि, मैप में उनकी जमीन तक जाने के लिए एक सड़क है. लेकिन उस सड़क पर कब्जा है. इसलिए, उन्होंने अधिकारियों से जमीन तक नई सड़क बनाने या कब्जा वाली सड़क को खाली करने का आग्रह किया था.
इसके अलावा, दो महीने पहले लोकायुक्त आए थे और अधिकारियों को एक महीने के अंदर सड़क बनाने का निर्देश दिया था. लेकिन, अब तक सड़क निर्माण के लिए वहां कोई नहीं आया है. किसान ने बताया कि, स्थानीय अधिकारी रोज-रोज कहानियां सुनाकर काम नहीं कर रहे हैं.
किसान प्रसन्नकुमार ने दर्द भरे लहजे में कहा कि, उनके पास अधिकारियों को देने के लिए पैसे नहीं हैं. वह सब्जियां बेचकर गुजारा करते हैं. इसलिए वह अपनी खेत में उगाई हुई मूली अधिकारियों को देने आए हैं. किसान ने नाराजगी जताते हुए अधिकारियों से कहा कि, उनकी समस्या के लिए कुछ करिए, कुछ मदद कीजिए. परेशान किसान ने माइक पर नारे लगाए और अधिकारियों से अपनी समस्या पर ध्यान देने को कहा.
क्या है मामला?
मधुगिरी तालुक के जक्केनहल्ली गांव के किसान प्रसन्नकुमार सर्वे नंबर 8/1 में जमीन पर सब्जियों समेत कई तरह की फसलें उगा रहे हैं. सरकारी नक्शे के हिसाब से उनकी जमीन तक एक सड़क है. लेकिन उस सड़क पर अब कब्जा हो गया है. इसलिए, किसान की शिकायत है कि अधिकारियों से उनकी जमीन तक नई सड़क बनाने या कब्जा हटाने की कई बार गुजारिश करने के बाद भी उन्हें अब तक इंसाफ नहीं मिला है.





