रायपुर:जिले के बोरिया खुर्द स्थित सारस्वत नगर में अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद द्वारा पिछले दो वर्षों से बच्चों को पुलिस और आर्मी में भर्ती की निशुल्क ट्रेनिंग दी जा रही है. इस पहल का उद्देश्य ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को सही मार्गदर्शन देकर देश सेवा के लिए तैयार करना है. पूर्व सैनिकों की मेहनत और बच्चों की लगन का नतीजा अब सामने आने लगा है.गांव के कई युवक युवतियों का चयन अब सेना और अर्धसैनिक बलों में हो रहा है.
ग्राम कांदुल में हुआ सम्मान समारोह
रविवार को ग्राम कांदुल में अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद की ओर से एक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया. इस कार्यक्रम में सेना और अर्धसैनिक बलों में चयनित बच्चों को सम्मानित किया गया. समारोह में आर्मी के पूर्व सैनिकों के साथ-साथ ग्राम पंचायत कांदुल की महिला सरपंच तिलेश्वरी धुरंधर भी मौजूद रहीं. चयनित बच्चों को मेडल, शॉल और श्रीफल देकर सम्मानित किया गया.
CISF में चयनित नेहा साहू की खुशी
CISF में चयनित नेहा साहू ने बताया कि उनका चयन पहली ही कोशिश में हो गया. उन्होंने कहा कि भूतपूर्व सैनिक डीपी पटेल सर की ओर से उन्हें निशुल्क ट्रेनिंग मिली. मध्यम वर्गीय परिवार से आने वाली नेहा ने कहा कि उनके चयन से पूरा परिवार बहुत खुश है. परिवार की खुशी देखकर उन्हें लगता है कि उन्होंने अपने माता-पिता के लिए कुछ कर दिखाया है.
CRPF चयनित चंदन सिंह की संघर्ष कहानी
CRPF में चयनित चंदन सिंह ने बताया कि उन्होंने बिना घरवालों को बताए चार साल तक लगातार मेहनत की. वे रोजी-रोटी के लिए पार्ट-टाइम काम भी करते रहे, लेकिन सेना में जाने का सपना नहीं छोड़ा. बचपन से ही उन्हें सेना में जाने की इच्छा थी क्योंकि उनके बड़े पिताजी भी सेना में हैं. चयन की खबर सुनते ही घर में खुशी का माहौल बन गया.
पांच साल की मेहनत के बाद सफल हुए धनेश वर्मा
CRPF में चयनित धनेश वर्मा ने कहा कि वे पिछले पांच वर्षों से सेना में भर्ती के लिए तैयारी कर रहे थे. कई बार असफलता मिली, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी. दसवीं की पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने पूरी मेहनत और लगन से तैयारी की. उनका सपना हमेशा से देश और राष्ट्र की सेवा करना था, जो अब पूरा हुआ.
ग्राम पंचायत कांदुल की सरपंच तिलेश्वरी धुरंधर ने कहा कि यह पूरे गांव के लिए गर्व की बात है कि यहां के बच्चे सेना और पुलिस बलों में चयनित हुए हैं. उन्होंने सभी चयनित अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए अन्य बच्चों से भी देश सेवा के लिए आगे आने की अपील की. साथ ही उन्होंने शासन से मांग की कि ऐसे बच्चों को अधिक सुविधाएं दी जाएं ताकि उनका मनोबल बढ़े.
ये सैनिक हमारे देश की सीमाओं पर जाकर हमारी रक्षा करते हैं तब हम अपने घरों में सुख और चैन से रह पाते हैं. चयनित सभी बच्चों को मेरी ओर से बहुत-बहुत बधाई. शासन भी इन बच्चों के लिए यथा संभव सुविधाएं उपलब्ध कराए- सरपंच तिलेश्वरी धुरंधर





