*महतारी वंदन योजना से बदली जिंदगी, अब किसी के सामने हाथ फैलाने की जरूरत नहीं*
*हर महीने मिलने वाली सहायता राशि से बढ़ा आत्मविश्वास, नाती-नातिन की छोटी-छोटी खुशियां भी अब आसानी से होती हैं पूरी*
कवर्धा, जुलाई 2026। पहले छोटी-छोटी जरूरतों के लिए भी दूसरों का इंतजार करना पड़ता था, लेकिन अब अपने खर्च के लिए किसी पर निर्भर नहीं रहना पड़ता। यह कहना है कबीरधाम जिले के ग्राम पंचायत भगुटोला की निवासी श्रीमती दुर्पत बाई साहू का, जिनके जीवन में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित महतारी वंदन योजना ने आत्मनिर्भरता और आत्मसम्मान की नई उम्मीद जगाई है।
दुर्पत बाई साहू को योजना के तहत अब तक 28 किस्तों में कुल 28 हजार रुपये की सहायता राशि सीधे उनके बैंक खाते में प्राप्त हो चुकी है। हर माह मिलने वाली यह राशि उनके लिए आर्थिक सहयोग से कहीं अधिक सम्मान और आत्मविश्वास का माध्यम बन गई है। वे आवश्यकता अनुसार दो-तीन माह में एक बार राशि निकालकर घर की जरूरी जरूरतों पर खर्च करती हैं। वे बताती हैं कि पहले सब्जी खरीदनी हो, दवा लेनी हो, गांव आने-जाने का खर्च हो या नाती-नातिन की छोटी-छोटी इच्छाएं पूरी करनी हों, हर बार किसी न किसी पर निर्भर रहना पड़ता था। अब स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है। जरूरत पड़ने पर वे अपने पास उपलब्ध राशि से तुरंत खर्च कर लेती हैं और बच्चों की छोटी-छोटी खुशियां भी बिना किसी संकोच के पूरी कर देती हैं।
दुर्पत बाई कहती हैं कि महतारी वंदन योजना ने उन्हें केवल आर्थिक सहायता ही नहीं दी, बल्कि आत्मसम्मान के साथ जीवन जीने का विश्वास भी दिया है। अब वे अपनी छोटी-छोटी जरूरतों के लिए किसी के सामने हाथ नहीं फैलातीं और परिवार में भी उनका आत्मविश्वास पहले से कहीं अधिक बढ़ गया है। वे मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का आभार व्यक्त करते हुए कहती हैं कि यह योजना प्रदेश की महिलाओं के लिए एक बड़ी सौगात है। नियमित आर्थिक सहायता ने महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने की दिशा में नई शक्ति दी है और उनके जीवन को पहले से अधिक सहज और सम्मानजनक बनाया है।





