Blog

वन विभाग की रेड : बंद राइसमिल में मिली करोड़ों की तेंदू-खैर लकड़ी

जांजगीर चांपा। छत्तीसगढ़ के जांजगीर चांपा जिले में एक बंद राइसमिल से करोड़ो की कीमत तेंदू-खैर लकड़ी जब्त किया गया है। वन विभाग की रेड में यहां लगभग 15 ट्रक  तेंदू और खैर की लकड़ी मिला। वन विभाग की सक्रियता तस्करी के बड़े रैकेट का भांडाफोड हुआ है। यह कार्रवाई गुप्त सूचना के आधार पर की गई है।

portal add kd public school 03 month start 16 feb 26 15 may 26

वन मंडलाधिकारी हिमांशु डोंगरे ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि मजदा और ट्रक जैसे वाहनों का उपयोग कर इमारती लकड़ी की तस्करी की जा रही है। उड़नदस्ता टीम ने सोमवार रात इन वाहनों का पीछा करते हुए भादा तक पहुंची और स्थानीय वन अमले को सतर्क किया। इसके बाद संयुक्त रूप से बंद राइस मिल परिसर में छापेमारी की गई। वहां एक अवैध आरा मिल संचालित हो रही थी और लकड़ी का अवैध भंडारण पाया गया।

मौके से बरामद तेंदू और खैर की लकड़ी का व्यापार बिना अनुमति के प्रतिबंधित है। जैसे ही टीम परिसर में पहुंची, वहां मौजूद कर्मचारी फरार हो गए। पूरे परिसर को सील कर दिया गया है और जब्त की गई लकड़ियों की गिनती का कार्य जारी है। एक मजदा और ट्रक में लदी लकड़ी को डिपो भेज दिया गया है। जांच के दौरान, वन विभाग को परिसर से एक डायरी भी बरामद हुई है, जिसमें वाहनों की आवाजाही से संबंधित महत्वपूर्ण विवरण दर्ज हैं।

इस डायरी को जब्त कर लिया गया है और इसके आधार पर लकड़ी तस्करी में शामिल गिरोह के नेटवर्क का पता लगाने के लिए गहन जांच शुरू कर दी गई है। विभाग अन्य जिलों और पड़ोसी राज्यों से भी संपर्क स्थापित कर रहा है ताकि इस अवैध कारोबार के तार कहीं और न जुड़े हों। वन अधिकारियों के अनुसार, तेंदू की लकड़ी का उपयोग विशेष रूप से 12 बोर बंदूक की मुट्ठी बनाने में किया जाता है, जबकि खैर की लकड़ी से कत्था तैयार होता है।

The post वन विभाग की रेड : बंद राइसमिल में मिली करोड़ों की तेंदू-खैर लकड़ी appeared first on ShreeKanchanpath.

Manoj Mishra

Editor in Chief

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button