छत्तीसगढ़

अमरकंटक के मृत्युंजय आश्रम में कांवड़ियों और श्रद्धालुओं का उमड़ा सैलाब

*अमरकंटक के मृत्युंजय आश्रम में कांवड़ियों और श्रद्धालुओं का उमड़ा सैलाब*

*मृत्युंजय आश्रम अमरकंटक में 17 अगस्त को 2 हजार से अधिक कांवडियों, श्रद्धालुओं ने किया निःशुल्क भोजन, प्रसादी का ग्रहण*

*उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक विजय शर्मा की पहल पर निःशुल्क भोजन, ठहरने और चिकित्सा की व्यवस्था*

कवर्धा  अगस्त 2026। पवित्र सावन माह में मध्यप्रदेश के अमरकंटक से मां नर्मदा का पवित्र जल लेकर कबीरधाम जिले के जलेश्वर दादा डोंगरिया, बाबा भोरमदेव और पंचमुखी बूढ़ा महादेव में जलाभिषेक के लिए पदयात्रा पर निकले हजारों कांवड़ियों और श्रद्धालुओं का अमरकंटक के मृत्युंजय आश्रम में सैलाब लगा हुआ है। उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक श्री विजय शर्मा की विशेष पहल पर मृत्युंजय आश्रम में कांवड़ियों और श्रद्धालुओं के लिए निःशुल्क ठहरने, गर्म भोजन, स्वल्पाहार और चिकित्सा सुविधा की व्यापक व्यवस्था की गई है। आश्रम में भंडारा, प्रसादी और नाश्ते की व्यवस्था निरंतर जारी है, जिससे दूर-दराज से आने वाले पदयात्री बिना किसी परेशानी के अपनी यात्रा पूरी कर सकें। अब तक 41 हजार से अधिक कांवड़ियों और श्रद्धालुओं ने निःशुल्क भोजन और प्रसादी का ग्रहण किया। 17 अगस्त को ही 2 हजार से अधिक कांवड़ियों और श्रद्धालुओं ने मृत्युंजय आश्रम में निःशुल्क भोजन और प्रसादी का ग्रहण किया। कांवड़ियों के प्रस्थान के दौरान उन्हें सेव, बूंदी, जैसे हल्के नाश्ते का भी वितरण किया जा रहा है, ताकि बीहड़ जंगलों से गुजरते समय उन्हें किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े। सुबह के समय सभी कांवड़ियों और श्रद्धालुओं को चाय-बिस्किट का नाश्ता भी उपलब्ध कराया जा रहा है।
अमरकंटक से मां नर्मदा का पवित्र जल लेकर निकले कांवड़ियों का यह धार्मिक सफर केवल आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि सेवा और समर्पण की मिसाल भी बन गया है। मृत्युंजय आश्रम में पदयात्रियों को विश्राम, भोजन, प्रसादी और स्वास्थ्य सेवाएं मिल रही हैं। आश्रम परिसर में दिन-रात गूंजते भक्ति गीत, बोल बम के जयघोष और डमरू की थाप पूरे वातावरण को शिवमय बना रहे हैं। कांवड़ियों के समूह कंधों पर सज्जित कांवड़ और भक्ति भाव से ओत-प्रोत होकर सावन माह की इस पवित्र पदयात्रा को अद्वितीय बना रहे हैं। उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक श्री विजय शर्मा के निर्देश पर जलेश्वर दादा डोंगरिया, बाबा भोरमदेव और पंचमुखी बूढ़ा महादेव जैसे प्रमुख शिवधामों तक पहुंचने वाले इन श्रद्धालुओं के लिए रास्ते में भी ग्राम पंचायतों द्वारा पेयजल, विश्राम, प्राथमिक उपचार की व्यवस्था की गई है। इससे यह धार्मिक यात्रा न केवल सहज बन रही है, बल्कि शिवभक्तों के उत्साह और ऊर्जा को भी बढ़ा रही है।
मृत्युंजय आश्रम में भंडारे और व्यवस्था की जिम्मेदारी उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा के निर्देश पर उनकी टीम ने संभाल रखी है, जो दिन-रात कांवड़ियों की सेवा में जुटे हुए हैं। श्रद्धालुओं ने उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक श्री विजय शर्मा का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार की सुविधाएं मिलने से वे अपनी आस्था और श्रद्धा के साथ निर्बाध रूप से यात्रा कर पा रहे हैं। उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक श्री विजय शर्मा के प्रयासों से यह पदयात्रा धार्मिक आयोजन से बढ़कर भक्ति, सेवा और जनसहयोग का प्रतीक बन गई है, जो सावन माह में कबीरधाम और आसपास के क्षेत्रों में आस्था का अद्भुत माहौल निर्मित कर रही है।

Manoj Mishra

Editor in Chief

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button